Fatehpur Temple Tomb Row : मकबरे पर पूजा, तनाव की स्थिति!

उत्तर प्रदेश के फतेहपुर में मंदिर-मज़ार विवाद (Fatehpur Temple Tomb) गहराया, बजरंग दल ने पूजा की मांग की। प्रशासन ने स्थिति नियंत्रण में बताई। #Fatehpur #TempleTombRow
#Fatehpur #TempleTombRow #BajrangDal #UPNews #LawAndOrder
फतेहपुर, उत्तर प्रदेश 11 Aug: उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले के अबू नगर में एक पुराने मकबरे को लेकर विवाद गहरा गया है। हिंदू संगठनों, विशेष रूप से बजरंग दल, ने दावा किया है कि यह स्थल वास्तव में एक मंदिर है और उन्हें यहां पूजा करने की अनुमति दी जानी चाहिए। इस मांग को लेकर हुए प्रदर्शन के बाद क्षेत्र में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
क्या है पूरा मामला?
यह विवाद रेडिया इलाके में स्थित एक शिव मंदिर और मकबरे को लेकर है। हिंदू संगठनों का कहना है कि यह मकबरा असल में भगवान शिव और कृष्ण का मंदिर था, जिसे ध्वस्त कर दिया गया। बीजेपी जिला अध्यक्ष ने भी इसे मंदिर बताया था, जिसके बाद यह मुद्दा गरमाया। हिंदू संगठनों ने मकबरे के अंदर कमल के फूल और त्रिशूल के निशान को इसका सबूत बताया है।
प्रशासन ने क्या कहा?
फतेहपुर के एसपी अनूप कुमार सिंह ने बताया, “हमने पुलिस बल तैनात किया था और तैयारियां की थीं। कुछ लोगों ने पत्थर और लाठियां उठा ली थीं, लेकिन कोई हथियार नहीं थे। अब सभी लोग जगह से चले गए हैं। जिन लोगों ने कानून को अपने हाथ में लिया, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। हमें (प्रदर्शनकारियों द्वारा स्मारक पर लगाए गए हिंदू झंडे) की जानकारी मिली थी, लेकिन अब वहां कोई झंडा नहीं है।”
जिला मजिस्ट्रेट रविंद्र सिंह ने कहा कि स्थिति नियंत्रण में है और लोग स्थल से हट चुके हैं। उन्होंने कहा, “हमने सभी को आश्वासन दिया कि कानून-व्यवस्था प्रभावित नहीं होने दी जाएगी। लोग यहां से जा चुके हैं। हमारी प्राथमिकता शांति बनाए रखना है और जनता को पुलिस पर भरोसा है।”
बजरंग दल अड़ा, पूजा करने की धमकी
बजरंग दल के जिला सह-संयोजक धर्मेंद्र सिंह ने कहा कि वे इस स्थल पर पूजा करेंगे, क्योंकि यह एक हिंदू मंदिर है, और प्रशासन भी उन्हें नहीं रोक सकता।
मुस्लिम संगठनों की प्रतिक्रिया
मुस्लिम संगठनों ने आरोप लगाया है कि सरकार मस्जिदों के अंदर मंदिर ढूंढ रही है। उनका कहना है कि यह विवाद अनावश्यक रूप से भड़काया जा रहा है।
फतेहपुर में यह विवाद अब राजनीतिक और सामाजिक रूप से चर्चा का विषय बन गया है। प्रशासन ने शांति बनाए रखने के लिए कड़े कदम उठाए हैं, लेकिन दोनों पक्षों की जिद के चलते स्थिति अभी भी नाजुक बनी हुई है।
A Tribute to Khudiram Bose: फांसी पाने वाले भारत के सबसे युवा Freedom Fighter की अमर गाथा
Discover more from Utthan Xpress
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
